Home उत्तराखंड 1962, 1965 एवं 1971 के युद्धों के साक्षी वयोवृद्ध पूर्व सैनिक खुशाल सिंह चौहान को पूर्व सैनिक संगठन ने दी सैन्य सम्मान के साथ अंतिम विदाई
उत्तराखंड

1962, 1965 एवं 1971 के युद्धों के साक्षी वयोवृद्ध पूर्व सैनिक खुशाल सिंह चौहान को पूर्व सैनिक संगठन ने दी सैन्य सम्मान के साथ अंतिम विदाई

9

पिथौरागढ़। 2 कुमाऊँ रेजिमेंट (बरार) के वयोवृद्ध पूर्व सैनिक एवं सैनिक समाज के सम्मानित सदस्य सूबेदार खुशाल सिंह चौहान का लंबी बीमारी के बाद 85 वर्ष की आयु में रईं स्थित उनके आवास पर निधन हो गया। उनके निधन से सैनिक समाज ने एक अनुभवी योद्धा, तीन युद्धों के साक्षी और समर्पित समाजसेवी को खो दिया है।

स्वर्गीय खुशाल सिंह चौहान वर्ष 1958 में भारतीय सेना की 2 कुमाऊँ रेजिमेंट में भर्ती हुए थे। उन्होंने 1962, 1965 एवं 1971 के युद्धों में सक्रिय भूमिका निभाते हुए अदम्य साहस और कर्तव्यनिष्ठा के साथ राष्ट्र की सेवा की। वर्ष 1975 में सैन्य सेवा से सेवानिवृत्त होने के बाद भी वे सामाजिक कार्यों में निरंतर सक्रिय रहे और समाज के प्रति अपना योगदान देते रहे।

आज मुवानी घाट पर उनके पुत्रों श्री गिरधर सिंह एवं श्री कमान सिंह ने उन्हें मुखाग्नि देकर अंतिम विदाई दी।

इस अवसर पर पूर्व सैनिक संगठन की ओर से क्षेत्र संयोजक सूबेदार मेजर महेश पांडे के नेतृत्व में पूर्व सैनिक नारायण दत्त,महेश जोशी,महेंद्र गुरुंग सेना मेडल आदि संगठन के पूर्व सैनिकों ने दिवंगत वीर सैनिक को तिरंगा अर्पित कर पुष्पचक्र समर्पित किया तथा सैन्य परंपरा के अनुरूप अंतिम सलामी देकर उन्हें ससम्मान विदाई दी।

पूर्व सैनिक संगठन ने कहा कि खुशाल सिंह चौहान जैसे योद्धा केवल सेना का गौरव ही नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए साहस, अनुशासन और राष्ट्रभक्ति की जीवंत प्रेरणा होते हैं। तीन युद्धों के साक्षी रहे ऐसे वीर सैनिक का जाना सैनिक समाज के लिए अपूरणीय क्षति है।

पूर्व सैनिक संगठन पिथौरागढ़ दिवंगत आत्मा को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए शोकाकुल परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करता है। राष्ट्र सेवा में उनका योगदान और उनका जीवन सदैव स्मरणीय रहेगा।

Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles

संयोजन ग्रामीण एकता मंच, अध्यक्ष अस्कोट विकास संघर्ष समिति के तरुण पाल द्वारा के नेतृत्व में जुलूस निकाला

पिथौरागढ़ संयोजन ग्रामीण एकता मंच, अध्यक्ष अस्कोट विकास संघर्ष समिति के तरुण...

भारतीय सेना की खड़गा कोर का आदि कैलाश अभियान*

पिथौरागढ़ आदि कैलाश, उत्तराखंड। भारतीय सेना की खड़गा कोर की पर्वतारोहण टीम...

पति को छोड़ दूसरे मर्द के साथ रह रही महिला को उतारा मौत के घाट- पुलिस ने किया खुलासा

*जनपद पिथौरागढ़ पुलिस* *24 घंटे के भीतर महिला हत्याकांड का पर्दाफाश, हत्यारोपी...