Home उत्तराखंड कारगिल शहीद हवलदार गिरीश सामंत की पुण्यतिथि पर नवनिर्मित स्मृति पटल का उद्घाटन
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कारगिल शहीद हवलदार गिरीश सामंत की पुण्यतिथि पर नवनिर्मित स्मृति पटल का उद्घाटन

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पिथौरागढ़- 25 जुलाई 1999 पर देश के लिए कारगिल युद्ध की विषम परिस्थितियों से सामना करते हुए द्रास सेक्टर पर पाकिस्तान के नापाक इरादों को चकनाचूर कर अग्रिम सैन्य चौकियों को वापस कब्जा करने और असीम युद्ध कौशल का प्रदर्शन करते हुए 9 पैरा एसएफ के हवलदार गिरीश सामंत द्वारा अपनी कुर्बानी देते हुए दुश्मनों से महत्वपूर्ण चोटियों पर पुनः नियंत्रण स्थापित किया था।

आज ऐसे गौरवान्वित दिन पर पर शहीद की वीरांगना श्रीमती शांति सामंत जी के द्वारा नवनिर्मित शहीद के स्मृति पटल का रिबन काटकर उद्घाटन किया गया।

आज पूर्व सैनिक संगठन के माध्यम से आयोजित श्रद्धांजलि कार्यक्रम पर सर्वप्रथम संगठन के धर्मगुरु नवीन गुरुरानी जी द्वारा शहीद स्मृति पटल की विधिवत्त पूजा अर्चना की गई तत्पश्चात बहन शांति सामंत द्वारा रिबन काटकर ऐसे वीरता पटल को आम जनमानस तथा युवाओं को प्रेरणा के लिए समर्पित किया गया। वही शहीद को समर्पित करते हुए पौधा भी लगाया गया।

तत्पश्चात पुष्प चक्र अर्पित करते हुए श्रद्धांजलि कार्यक्रम पर सभी पूर्व सैनिकों तथा आम जन मानस द्वारा भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई।

आज देवलथल के मेलापानी शहीद द्वार पर आयोजित कार्यक्रम पर मुख्य अतिथि के तौर कमान अधिकारी पर्यावरण बटालियन के कर्नल गौरब नेगी तथा सूबेदार मेजर कुलदीप सिंह रहे ।

कार्यक्रम पर जहां एक और शहीद की याद पर पूरा माहौल गमगीन हो गया वहीं भारत माता की जय और शहीद गिरीश सामंत अमर रहे के उद्घोष से पूरा इलाका गुंजायमान हो गया ।
पूर्व सैनिक संगठन द्वारा वीरांगना बहन शांति सामंत को युवाओं के लिए प्रेरणा स्वरूप स्मृति पटल के भव्य निर्माण हेतु प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया, वहीं निर्माण कार्य में विशेष सहयोग प्रदान करने वाले देवलथल क्षेत्र संयोजक सु.मेजर शंकर सिंह तथा नायब सूबेदार किशन सिंह को सोल उड़ा कर सम्मानित किया गया , पर्यावरण बटालियन के कमान अधिकारी महोदय कर्नल को संगठन का स्मृति प्रदान करते हुए सम्मानित किया गया।

आज ऐसे ऐतिहासिक कार्यक्रम पर प्रशासन या पूर्व सैनिकों के हितार्थ कार्य कर रहे जिला सैनिक कल्याण विभाग से कोई भी प्रतिनिधि उपस्थित नहीं हुआ जिसके लिए सभी के द्वारा रोश व्यक्त किया गया है वीरांगनाओं द्वारा कहा गया कि केवल एक दिन हमें याद करते हुए शहीदों के नाम पर इतिश्री कर ली जाती है, और दोबारा हमसे पूछा भी नहीं जाता। आज जनपद पर पूर्व सैनिक संगठन ही जो कार्य कर रहा है इसी की वजह से वीरांगनाओं और पूर्व सैनिकों को सम्मान और सहयोग प्राप्त हो पता है ।उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रम और ऐसे दिनों में संबंधित विभाग की जिम्मेदारी भी तय होनी चाहिए जो की वीरांगनाओं और आश्रितों की अनदेखी करते हैं।

आज इस कार्यक्रम पर शहीद के परिवारजन सहित अध्यक्ष मेजर ललित सिंह,सु मेजर रमेश सिंह महर, दयाल सिंह, लक्ष्मी दत्त ओझा, उमेश फुलेरा,राजेंद्र जोरा, ललित सिंह , शेर सिंह , हयात सिंह ,गोपाल सिंह, देवाकर बोहरा,उमेश तिवारी,घनश्याम जोशी,देवेंद्र दिगारी व संगठन के मातृशक्ति तनूजा भंडारी, दीपा, प्रमिला बोहरा आदि पूर्व सैनिक तथा जनमानस सामिल रहे।

कार्यक्रम का संचालन संगठन प्रवक्ता कैप्टन लक्ष्मण सिंह द्वारा किया गया।

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